सोनभद्र। जनपद के सर्किट हाउस में आयोजित जनता सुनवाई कार्यक्रम में राज्य पिछड़ा वर्ग आयोग के सदस्य सतेन्द्र बारी ने आमजन की समस्याओं को गंभीरता एवं संवेदनशीलता के साथ सुना। कार्यक्रम के दौरान उन्होंने विभिन्न विभागों से संबंधित शिकायतों पर तत्काल संज्ञान लेते हुए अधिकारियों को मौके पर ही आवश्यक निर्देश दिए, जिसके बाद कई मामलों का त्वरित निस्तारण कराया गया। जनसुनवाई में बड़ी संख्या में पहुंचे लोगों ने राजस्व, पुलिस, शिक्षा, समाज कल्याण, विकास एवं अन्य विभागों से जुड़ी समस्याएं रखीं।
जनसुनवाई के दौरान सतेन्द्र बारी ने अधिकारियों को स्पष्ट निर्देश देते हुए कहा कि शासन की मंशा जनता को समयबद्ध, पारदर्शी एवं निष्पक्ष न्याय उपलब्ध कराना है। उन्होंने कहा कि किसी भी शिकायत को लंबित रखना या लापरवाही बरतना स्वीकार नहीं किया जाएगा। प्रत्येक अधिकारी अपनी जिम्मेदारी का पूरी ईमानदारी और जवाबदेही के साथ निर्वहन करें, ताकि आम नागरिकों को सरकारी कार्यालयों के चक्कर न लगाने पड़ें।
उन्होंने कहा कि जनता की समस्याओं का त्वरित समाधान ही सुशासन की पहचान है। जनसुनवाई केवल औपचारिक प्रक्रिया नहीं, बल्कि शासन और जनता के बीच विश्वास को मजबूत करने का प्रभावी माध्यम है। उन्होंने अधिकारियों से अपेक्षा की कि वे जनहित को सर्वोच्च प्राथमिकता देते हुए प्रत्येक शिकायत का गुणवत्तापूर्ण निस्तारण सुनिश्चित करें।
कार्यक्रम के दौरान उत्कृष्ट कार्यशैली, कर्तव्यनिष्ठा एवं जनसेवा के प्रति समर्पण को देखते हुए सतेन्द्र बारी ने उपजिलाधिकारी को सम्मानित किया। उन्होंने कहा कि ईमानदारी और निष्ठा से कार्य करने वाले अधिकारियों का सम्मान प्रशासनिक व्यवस्था को और अधिक सुदृढ़ बनाता है तथा अन्य अधिकारियों को भी बेहतर कार्य करने की प्रेरणा देता है।
जनसुनवाई में उपजिलाधिकारी, क्षेत्रीय थानाध्यक्ष, खंड विकास अधिकारी, सहायक बेसिक शिक्षा अधिकारी, एडीओ (समाज कल्याण), पिछड़ा वर्ग कल्याण अधिकारी सहित विभिन्न विभागों के अधिकारी मौजूद रहे। कार्यक्रम के अंत में कई फरियादियों ने मौके पर ही समस्याओं के समाधान पर संतोष व्यक्त करते हुए प्रशासन की तत्परता की सराहना की। रिपोट - संदीप मौर्य 151000146
