टड़ियावां। राजनीतिक अंचलों की आबोहवा बदलने लगी है। भावी उम्मीदवार गांव के नुक्कड़ों पर बैठे लोगों के बीच पहुंचकर हामा हूजूरी विकास की गंगा बहाना शुरू कर दीया है।गांवों में अब चौपालों, खेत-खलिहानों तक पंचायत चुनाव की चर्चा आम हो चुकी है। कौन मैदान में उतरेगा, किसे किस वर्ग का समर्थन मिलेगा और कौन नए चेहरे राजनीति में कदम रखेंगे - इन सवालों पर चर्चाओं का दौर तेज हो गया है। चुनाव को लेकर ग्रामीण सियासत ने रफ्तार पकड़ ली है और आने वाले त्रिस्तरीय पंचायत चुनाव गांवों की राजनीति में नई दिशा तय करेंगे। जिले में चर्चा में रहने वाले विकासखंड टड़ियावां ग्राम पंचायत साखिन गोपालपुर के निवासी छोटे गाजी दशको से राजनीति में फर्राटे भर रहे हैं। ग्राम पंचायत में मौजूदा प्रधानी पर तो अपना कब्जा जमा रखा है आगामी अहिरोरी द्वितीय से जिला पंचायत चुनाव की तैयारी जोर-शोर से शुरू कर दी है। जगह-जगह चौराहा बाजारों पर नुक्कड़ों पर बैनर पोस्टर होल्डिंग के माध्यम से पर्व त्योहारों के बधाई लेख लिखवाकर अपना प्रचार प्रसार शुरू कर दिया है। नेता नहीं, बैटा हूं छोटे गाजी मीडिया से मुखातिब होते हुए बताया इस बार क्षेत्र की जनता अहिरोरी द्वितीय जिला पंचायत चुनाव में परिवर्तन चाह रही है जनता ने क्षेत्र में विकास की कयास लगाकर एक बार फिर से विश्वास मुझ पर जताया हैं अगर सामान्य या बैकवर्ड सीट रही तो अहिरोरी द्वितीय से जिला पंचायत का चुनाव अवश्य लडूंगा और जनता के विश्वास पर खरा उतरूंगा। बहुत से ऐसे विकास कार्य जिला पंचायत स्तर के अभी तक क्षेत्र में नहीं हुए हैं जो दशको पहले हो जाने चाहिए थे ऐसे कार्यों के विकास के लिए हमारी ओर से प्रथम प्राथमिकता होगी। उदाहरण तोर पर मैंने अपनी ग्राम पंचायत साखिन में मिनी स्टेडियम,मंदिर जाने वाला मार्ग,पार्क वाटिका जैसे अन्य और विकास कार्य ग्राम पंचायत में करवाए हैं। 2015 में जिला पंचायत का चुनाव महिला सीट पर मेरी पत्नी ने बहुत कम मतों से चुनाव हाथ से निकल गया था इस बार क्षेत्र के मतदाताओं मन बना लिया है मुझे पूर्ण विश्वास है चुनाव अधिक मतों से जीतूंगा। जीत का शेहरा जरूर बंधेगा। रिपोट - पियूष तिवारी 151131881
