देवरिया के बरहज निवासी आकाश वर्मा उर्फ बंटी वर्मा का आपराधिक इतिहास काफी लंबा है। गोरखपुर से देवरिया तक उसने नेटवर्क फैला रखा है। दोनों जिलों के विभिन्न थानों में उसके खिलाफ लूट, रंगदारी, अवैध हथियार रखने और गैंगस्टर एक्ट समेत कई धाराओं में मामले दर्ज हैं। कैंट थाना क्षेत्र के सिंघड़िया स्थित मॉडल शॉप के पास अस्पताल मैनेजर पर फायरिंग के मामले में कैंट पुलिस ने भागे गैंगस्टर को भी गिरफ्तार कर लिया है। पकड़े गए आरोपी की पहचान देवरिया जिले के बरहज के तिवारीपुर निवासी आकाश वर्मा उर्फ बंटी के रूप में हुई है। वह अंशिका सिंह का करीबी है। पुलिस की जांच से पता चला कि उसी ने अंशिका को वारदात में प्रयुक्त पिस्टल दी थी। उसके खिलाफ देवरिया और गोरखपुर में 11 आपराधिक मामले दर्ज हैं। वह देवरिया के बरहज थाने का गैंगस्टर है। पुलिस की जांच में यह भी सामने आया है कि बंटी के इशारे पर ही अंशिका लोगों, खासकर पुलिसकर्मियों को जाल में फंसाकर रुपये ऐंठती थी। पुलिस अब अंशिका और बंटी के नेटवर्क को खंगाल रही है। बीते 20 जनवरी को जंगल सिकरी निवासी अस्पताल मैनेजर विशाल मिश्रा अपने चालक अमिताभ निषाद और सहयोगी शैलेश के साथ सिंघड़िया स्थित एक मॉडल शॉप पर पहुंचे थे। कुछ देर बाद अंशिका सिंह अपने साथी बंटी वर्मा और चार अन्य लोगों के साथ वहां पहुंच गई पीड़ित विशाल मिश्रा के अनुसार, अंशिका पहले भी पिस्टल दिखाकर उनसे 12 हजार रुपये वसूल चुकी थी। घटना के दिन वह फिर से 50 हजार रुपये की रंगदारी मांग रही थी। जब उन्होंने पैसे देने से इन्कार किया तो विवाद बढ़ गया। आरोप है कि इसी दौरान अंशिका सिंह ने पिस्टल से फायरिंग कर दी। गोली विशाल मिश्रा के चालक अमिताभ निषाद के पेट में जा लगी, जिससे वह गंभीर रूप से घायल हो गया घटना के बाद मौके पर अफरा-तफरी मच गई थी। हालांकि, स्थानीय लोगों की मदद से विशाल मिश्रा ने मौके पर ही अंशिका सिंह को पकड़ लिया और पुलिस के हवाले कर दिया। कैंट पुलिस ने उसके खिलाफ रंगदारी मांगने, हत्या की कोशिश और धमकी देने की धाराओं में प्राथमिकी दर्ज की थी। वहीं, घटना के बाद से बंटी वर्मा अंडरग्राउंड हो गया था। पुलिस लगातार उसकी तलाश कर रही थी। अब उसकी गिरफ्तारी के बाद पुलिस गिरोह के नेटवर्क और अन्य गुर्गों की भूमिका की भी जांच कर रही है। इंस्पेक्टर कैंट संजय सिंह का कहना है कि आरोपी से पूछताछ के आधार पर आगे की कार्रवाई की जाएगी।
गोरखपुर से देवरिया तक बंटी का नेटवर्क, खंगाल रही पुलिस
देवरिया के बरहज निवासी आकाश वर्मा उर्फ बंटी वर्मा का आपराधिक इतिहास काफी लंबा है। गोरखपुर से देवरिया तक उसने नेटवर्क फैला रखा है। दोनों जिलों के विभिन्न थानों में उसके खिलाफ लूट, रंगदारी, अवैध हथियार रखने और गैंगस्टर एक्ट समेत कई धाराओं में मामले दर्ज हैं। पुलिस रिकॉर्ड के अनुसार, आकाश वर्मा के खिलाफ सबसे पहले वर्ष 2018 में गोरखपुर के गोरखनाथ थाने में लूट और चोरी से जुड़े मामले में प्राथमिकी दर्ज हुई थी। इसी वर्ष शाहपुर थाना क्षेत्र में भी उसके खिलाफ लूट, धमकी समेत अन्य मामले दर्ज किए गए। देवरिया के बरहज थाने में भी वर्ष 2018 में उसके खिलाफ कई प्राथमिकी दर्ज हुईं। इसमें लूट, साजिश, अवैध हथियार रखने और गैंगस्टर एक्ट के तहत कार्रवाई शामिल है। इसके बाद भी उसकी आपराधिक गतिविधियां थमी नहीं। वर्ष 2020 और 2021 में बरहज थाने में उसके खिलाफ आर्म्स एक्ट के तहत प्राथमिकी दर्ज हुई। साथ ही वर्ष 2021 में रंगदारी, मारपीट और धमकी जैसे गंभीर आरोप भी सामने आए। वर्ष 2022 में भी आरोपी के खिलाफ अवैध हथियार रखने के मामले में कार्रवाई की गई। वहीं हाल के वर्षों में भी उसकी गतिविधियां जारी रहीं। वर्ष 2025 में गोरखपुर के खोराबार थाने में विभिन्न धाराओं के तहत मामला दर्ज हुआ। वर्ष 2026 में खोराबार थाने में उसके खिलाफ उत्तर प्रदेश गिरोहबंद समाज विरोधी क्रियाकलाप निवारण अधिनियम के तहत प्राथमिकी दर्ज की गई। एसएसपी डॉ. कौस्तुभ के अनुसार, आकाश उर्फ बंटी वर्मा लंबे समय से अपराध की दुनिया में सक्रिय है और उस पर कई संगीन आरोप हैं। रिपोर्ट - फूलमती मौर्य 151188511
