फास्ट न्यूज इंडिया यूपी प्रतापगढ़। रामानुज आश्रम के धर्माचार्य ओम प्रकाश पांडे अनिरुद्ध रामानुज दास ने चैत्र नवरात्रि के पावन अवसर पर श्रद्धालुओं को शुभकामनाएं देते हुए बताया कि 19 मार्च 2026 से चैत्र नवरात्रि का शुभारंभ हो रहा है। इस बार विशेष संयोग बन रहा है, जो लगभग 72 वर्ष बाद पड़ रहा है। उन्होंने बताया कि 19 मार्च को प्रातः 6:52 से 7:43 बजे तक घटस्थापना का शुभ मुहूर्त है, जबकि दोपहर 12:03 से 12:53 बजे तक अभिजित मुहूर्त में भी घटस्थापना की जा सकती है। प्रतिपदा तिथि 19 मार्च सुबह 6:52 बजे से 20 मार्च सुबह 4:52 बजे तक रहेगी। धर्माचार्य ने बताया कि शारदीय नवरात्रि जहां सांसारिक इच्छाओं की पूर्ति के लिए मनाई जाती है, वहीं चैत्र नवरात्रि आध्यात्मिक उन्नति, सिद्धि और मोक्ष प्राप्ति के लिए विशेष महत्व रखती है। इस दौरान कठिन व्रत और साधना का विशेष महत्व होता है। उन्होंने माता पार्वती के तप का वर्णन करते हुए बताया कि कठोर साधना के दौरान उन्होंने वर्षों तक फल, मूल, साग, जल और वायु पर जीवन यापन किया। अंततः जब उन्होंने सूखे पत्तों का भी त्याग कर दिया, तब उनका नाम “अपर्णा” पड़ा। धर्माचार्य के अनुसार, माता पार्वती की अटूट तपस्या से प्रसन्न होकर भगवान शिव ने उन्हें पत्नी रूप में स्वीकार किया। प्रथम दिन माता शैलपुत्री की पूजा की जाती है, जिनकी आराधना से समस्त कष्टों का निवारण होता है। उन्होंने कहा कि नवरात्रि के नौ दिनों में नवदुर्गा के विभिन्न स्वरूपों की पूजा का विधान है, जो भक्तों के जीवन में सुख, शांति और समृद्धि लाते हैं। अंत में उन्होंने सभी श्रद्धालुओं से विधि-विधान से पूजा-अर्चना कर जीवन में आध्यात्मिक उन्नति प्राप्त करने का आह्वान किया। रिपोर्ट विशाल रावत डिस्ट्रिक ब्यूरो चीफ प्रतापगढ़ 151019049
