औरैया, कुदरकोट। 125 साल पुरानी ऐतिहासिक रामलीला का भव्य समापन रावण दहन के साथ हुआ। मंच पर भगवान श्रीराम द्वारा रावण वध का रोमांचक मंचन संपन्न हुआ और विशालकाय रावण का पुतला अग्नि की लपटों में धधक उठा। पूरे मैदान में “जय श्रीराम” के गगनभेदी नारों से वातावरण भक्तिमय बना। हजारों श्रद्धालु, भक्त और दर्शक मौजूद रहे। कार्यक्रम में मिथलेश यादव, रामपाल यादव, रामनरेश यादव और अन्य गणमान्य उपस्थित रहे। रामलीला कमेटी ने आयोजन को भव्य और ऐतिहासिक बनाने में महत्वपूर्ण योगदान दिया। यह आयोजन धर्म पर अधर्म की विजय और सांस्कृतिक एकता का प्रतीक है।
